पदार्थ का सबसे सूक्ष्म भाग जिसकी विमाएं शून्य हो तथा जिसे द्रव्यमान तथा स्थिति से अभिव्यक्त किया जा सके कण अथवा बिन्दु द्रव्यमान कहलाता है। यदि वस्तु का आकार, वस्तु द्वारा तय की गई दूरी की तुलना में नगण्य हो तो इसे कण कहते है। एक वस्तु को कण कहा जाना, गति के प्रकार पर निर्भर करता है। उदाहरण के लिए सूर्य के चारों ओर ग्रहों की गति में विभिन्न ग्रहों को कण माना जा सकता है।
उपरोक्त अवधारणा में जब किसी वस्तु को कण मानते है तो वस्तु के सभी भागों में विस्थापन, वेग तथा त्वरण समान होता है।
उपरोक्त अवधारणा में जब किसी वस्तु को कण मानते है तो वस्तु के सभी भागों में विस्थापन, वेग तथा त्वरण समान होता है।






